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| upsc exam in tips |
UPSC exem UPSC EXAM में फॉलो करें 3 -2 -1 -0 ई मेथड UPSC सिविल सर्विस एग्जाम देश के सबसे मुश्किल एग्जाम्स में से एक माना जाता है। यही वजह है कि इसे क्लियर करने के लिए सही तैयारी के साथ -साथ द्र्ढ निश्च्चय की भी जरूरत होती है। हर साल बड़ी सख्या में स्टूडेंट्स इस एग्जाम में फेल हो जाते है। जिसकी वजह से जाने -अनजाने तैयारी के दौरान की गई कुछ गलतिया होता है।ऐसे में अगर आप भी UPSC की तैयारी कर रहे है तो इस दौरान आमतौर पर की जाने वाली गलतियो और इनसे बचने के उपायों के बारे में सही दिशा में जानना आपकी प्रिपरेशन को सही दिशा में ले जाकर आपके लिए सफलता की राह खोल सकता है। क्या है 3 -2 -1- 0-ई मेथड एक ही बार में पहले QUESTION से शुरू करते हुए आखिरी QUESTION तक पहुंचने के बजाय इस मेथड में आपको 4 ROUNDS में QUESTION पत्र को सॉल्व करना होता है इससे पहला ROUNDS 3 ई ROUNDS होता है। जिसमें आपको ऐसे सवालों के जवाब देने होते है जिनके लिए आप पूरी तरह आस्वस्त हो यानि आप 3 ऑप्शन को eliminate करके एक सही ऑप्शन्स को चुन सकते है। अब दूसरे ROUNDS यानि 2 ई में आपको ऐसे सवालों के जवाब देने होंगे जिनके आंसर में आप 2 option को eliminate कर सके और आपके पास दो option बच रहे हो इसमें एक सही हो। अब इनमे से आप किसी एक option को चुन सकते है जिसके सही होने की सहना 50 फीसदी होगी। विशेषज्ञ मानते है की जिन जवाबो के सही होने की संभावना 25% से ज्यादा हो तो आपको ऐसे सवालों को जरूर attempt करना चाहिए। ऐसे वाला अंत में आपको कुछ positive marks देने में सक्षम होते है। अब तीसरे rounds में वे सवाल attempt करे जिनमे आप 1 ई यानी इसमें आपके आंसर eliminate कर पा रहे हो। यानी इसमें आपके आंसर के सही होने की 33% संभावना होगी। इसी तरह अंत में 0 ई यानी 0 eliminate की संभावना वाले सवाल attempt करे इनमे आपके सही होने की संभावना 25% होगी। आप ये गलतियों से बचे upsc उम्मीदवार आमतौर पर तैयार की शुरुआत अनुभवी और पूर्व IAS असिपरेंट्स द्वारा बताई गई एडवांस स्तर की किताबो से करते है। नतीजा यह होता कि वे इन books के topics को समझ नहीं पातें और अपना मूल्यवान समय बर्बाद कर देते है। ऐसे में एनसीईआरटी की बेसिक books से शुरुआत करके एडवांस्ड लेवल की किताबे पढ़ना समझदारी भरा कदम होगा। आजकल बाजार में बहुत स्तर के मॉक टेस्ट ,पीडीएफ फॉर्मेट में मिल जाते है या कोचिंग संस्थानों के पायरेटेड मॉक टेस्ट खरीदे जा सकते है। लेकिन इनसे पढ़ना फ़ायदेमंद नहीं होगा क्योकि ये आपको नेगेटिव मार्किग और टाइम बाउंड एनवायरनमेंट नहीं देते है जिससे आप अपनी तैयारी का सही एनालिसिस नहीं कर पते है। मल्टीपल ROUNDS आंसरिंग टेक्निक यानी 3 -2 -1 -0 -ई मेथड का इस्तेमाल न करना भी एक बड़ी गलती है,जो ज्यादातर उम्मीदवार करते है। इस मेथड में आपको कवेसचन पेपर को 4 चरणों में सॉल्व करना होता है। ये चरण आपको द्वारा ,आंसर के option की सख्या के आधार पर तय होते है। यह तरीका आपके माकर्स को बड़े मार्जिन से बढ़ा सकता है। आसानी से हासिल करने योग्य माइक्रो गोल्स सेट करे। हरेक सब्जेक्ट के लिए पर्याप्त समय निर्धारित करें और रीविजन के लिए भी समय निकले। न्यूजपेपर में कौनसे टॉपिक्स पढ़ें न्यूजपेपर पढ़ने का सही तरीका अपनाना चाहते है तो आपको यह भी जानना होगा कि ऐसे कौनसे टॉपिक्स है ,
जो परीक्षा में बहुत महत्वपूर्ण है और कौनसे नहीं। इससे न केवल आप स्मार्ट रीडिंग कर पाएंगे बल्कि समय भी बचा पाएंगे। जानिए कुछ खास टॉपिक्स के बारे में - केंद्र व राज्य सरकार द्वारा आयोजित की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस और घोषणाएं जरूर पढ़े। राजनितिक पार्टियों द्वारा की गई घोषणाएं जरूरी नहीं है। किसी रेल दुर्घटना में कितने लोगो की जान गई यह जरूरी नहीं है बल्कि दुर्घटना की वजह और भविष्य में इन्हे रोकने के उपय महत्वपूर्ण है। INTERNATIONAL महत्व इवेंट्स जैसे राष्ट्रो के बीच होने वाले एग्रीमेंट और आदि ,प्रमुख देशो में हुए चुनाव और इन घटनाओ का भविष्य पर होने वाला असर जानना आपके लिए अहम होगा। अर्थशारत्र में उतार -चढ़ाव के नंबर नहीं बल्कि इनके द्वारा सेट किया गया ट्रेड महत्वपूर्ण है। international स्तर पर वर्ल्ड बैंक,आसियान व आईएमएफ से जुडी खबरे भी पढ़े। khiladirampura @gmail .com
जो परीक्षा में बहुत महत्वपूर्ण है और कौनसे नहीं। इससे न केवल आप स्मार्ट रीडिंग कर पाएंगे बल्कि समय भी बचा पाएंगे। जानिए कुछ खास टॉपिक्स के बारे में - केंद्र व राज्य सरकार द्वारा आयोजित की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस और घोषणाएं जरूर पढ़े। राजनितिक पार्टियों द्वारा की गई घोषणाएं जरूरी नहीं है। किसी रेल दुर्घटना में कितने लोगो की जान गई यह जरूरी नहीं है बल्कि दुर्घटना की वजह और भविष्य में इन्हे रोकने के उपय महत्वपूर्ण है। INTERNATIONAL महत्व इवेंट्स जैसे राष्ट्रो के बीच होने वाले एग्रीमेंट और आदि ,प्रमुख देशो में हुए चुनाव और इन घटनाओ का भविष्य पर होने वाला असर जानना आपके लिए अहम होगा। अर्थशारत्र में उतार -चढ़ाव के नंबर नहीं बल्कि इनके द्वारा सेट किया गया ट्रेड महत्वपूर्ण है। international स्तर पर वर्ल्ड बैंक,आसियान व आईएमएफ से जुडी खबरे भी पढ़े। khiladirampura @gmail .com



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